सोफिया भाभी की डॉगी स्टाइल में चुदाई.. Part1

पंद्रह मिनट लंड चूसने के बाद मेरा माल उसके मुंह में झड़ गया, और वो पूरा माल पी भी गई.

DESI SEXBHABHI SEX

5/25/20261 min read

ये चुदाई मैंने लॉकडाउन में पूरे एक महीना तक की.. सोफिया मेरी पड़ोसन थी. मैं उसी के घर में रहा क्योंकि वो अकेली रहती थी.

खैर सबसे पहले फनफनाते लोड़ों को मेरा सलाम और गीली होने के लिए तैयार चूतों को मेरे लोड़े का सलाम.. मेरा नाम परवेज़ आलम, मैं सहारनपुर, यूपी से हूं, मेरी उम्र 29 साल है।पेशे से व्यापारी हूं..और अमूमन बाहर रहता हूं.. लेकिन लॉकडाउन की वजह से मेरा बाहर जाना बंद हो गया और काफी वक्त मैं घर पर ही रहा..एक शाम मैं छत पर बैठ कर चाय पी रहा था। मेरे बगल वाली छत से सोफिया भाभी ने आवाज़ लगाई.भाभी की उम्र 35 के करीब थी, देखने में हरी भरी, बड़े बड़े चूचे, लम्बाई 5’6″ के करीब।

उस वक्त सलवार सूट पहन रखा था जिसमें बड़े बड़े बूब्स दिख रहे थे, धारियों के साथ, क्लीवेज भी दिख रहा था मेरा लोड़ा तुरंत खड़ा होना शुरू हो गया.. मैं भूल गया की चाय भी पी रहा हूं.. मन करने लगा बस चूचियों में मूंह लगाउं और पीना शुरू कर दूं..मैंने उस सोफिया को पहली बार देखा था, उसके बारे में मुझे भी कुछ पता नहीं था।वे मुझसे मेरे गार्डन के बारे में बात करने लगीं.. मैनें अपनी छत पर एक गॉर्डन बना रखा था..सोफिया ने बताया कि उन्हें भी छत पे गार्डन बनाना हैं लेकिन उन्हें समय नहीं मिल पाता है।

हम नें काफी देर बात की. उसने मेरे गार्डन को देखने की ख्वाहिश जाहिर की तो मैंने अगले दिन उन्हें चाय पर बुला लिया।सोफिया नें अपना मोबाइल नंबर दिया औऱ हम कल मिलने की बात कह कर अपने अपने काम में लग गए.. सोफिया अपने काम में लग गई लेकिन मेरा ध्यान उसके मोट-मोटे चूचियों पर ही अटका था..

अगली दोपहर सोफिया ने मुझे मेसेज किया और चाय की बात याद दिलाई तो मैंने 5 बजे का टाईम फाइनल किया।5 बजते ही सोफिया दरवाजे पर थी.. गुलाबी रंग की ड्रेस पहने सोफिया उतनी अच्छी नहीं लग रही थी लेकिन उसकी ब्रा ढ़ीली थी जिस वजह से उसके चलने पर उसके चूचे उछल रहे थे थी जो कहर ढ़ा रहे थे.. ऊपर से निप्पल भी साफ-साफ दिख रहे थे..

मैंने उसे अंदर बुलाया, अपने परिवार से मिलवाया और, छत पर ले गया..हमने गॉर्डन के बारे में बातें कीं.. सोफिया ने बताया कि उसका पति विदेश में रहता है, दो बच्चे हैं, जो नानी के साथ रहते हैं। सोफिया का खुद का भी एक बिजनेस है जिस वजह से वो बाहर नहीं गई और भारत में ही रही..इतना सुनते ही मेरे दिमाग में उसके साथ चुदाई का प्रोग्राम बनने लगा..फिर डिनर करने के बाद वो चली गई लेकिन मेरे दिमाग में उसकी चूचियां ही चल रहीं थी..

मैंने रात को 11 बजे सोफिया को ऑनलाइन देखा तो मैसेज किया..हम यूंही बात करने लगे इधर-उधर की..बातों-बातों में उसने बताया कि उसे ड्रिंक करना पसंद हैं.

तो हमने अगले दिन ड्रिंक और डिनर करने का प्लान बनाया।

मैंने शराब के साथ कवाब की व्यस्था करने को कहा, वो मान गई

अब मुझे सोफिया के घर छिप कर जाना था.. तो मैंने 8 बजे का प्लान बनाया..

मैंने उससे पूछा कि मुझे कुछ लाना है क्या?

मैं कॉन्डम के लिए उसे घुमा कर पूछ रहा था.. क्योंकि मेरा इरादा आज रात उसे चोदने का था.. अब शादीशुदा औरत पति से दूर बच्चे भी पास नहीं..तो लंड कि प्यास कैसे बुझे.. मुझे इसी का फायदा उठाना था..लेकिन उसने कुछ भी लाने से मना कर दिया..फिर मैनें उससे पूछा उसके घर आने जाने में किसी ने देख लिया तो दिक्कत हो सकती है।

वो कुछ सोचने लगी..और प्लान चेंज करने की बात करने लगी..मुझे लगा चूत हाथ से जाए इससे बढ़िया बात घुमाओ, रात का प्रोग्राम बनाओ..और दबाकर चुदाई करके आओ..फिर मैनें उसे समझाया कि मास्क लगा कर आ जाऊंगा और सुबह 4 बजे निकल जाऊंगा.. तो वो खुशी से हां बोलने लगी.. मुझे लगा कहीं ना कहीं ये भी चुदना चाह रही है..ठीक रात8 बजे मैंने सोफिया को कॉल किया और दरवाज़ा खोलने को बोला..

उसने दरवाज़ा खोला और मैं अंदर आ गया..सोफिया ने नॉर्मल जीन्स और शर्ट पहनी थी लेकिन नीचे के दो बटन खुले हुए थे..बूब्स की लाईन साफ-साफ दिख रहीं थी.. और नीले जीन्स के ऊपर सफेद शर्ट जो हल्की ट्रांस्पेरेंट थी और अंदर डार्क ब्लू ब्रा साफ साफ दिख रही थी.. उसने पैडिड ब्रा पहने हुए थे.. और बूब्स पूरे गोल-गोल दिख रहे थे..मैनें सोफिया की तारीफ की तो वो शर्मिले अंदाज में इगनोर करके आगे चली गई.. पीछे से टाईट जीन्स में उसकी गांड भी आज पहली बार इतनी साफ दिख रही थी..बिल्कुल हॉफ कर्व की तरह..बस अभी घोड़ी बनाओ और घुसा दो लोड़ा पीछे से चूत में.. लेकिन मैनें अपने अरमानों को रोका और हम उसके बेडरूम जाने लगे जहां उसने ड्रिंक करने की व्यवस्था की हुई थी..

मैंने पेग बनाना शुरू किया, फिर हम दोनों पीने लगे..पीते हुए हम लोग बात कर रहे थे तो वो बोली- स्पा, मसाज पार्लर बंद हैं तो तुम बॉडी मसाज कैसे ले रहे हो?

मैंने उसकी बात को इगनोर किया..उसने हंसते हुए कहा..हमने भी घाट-घाट का पानी पिया है..मुझे पता है कि तुम स्पा में क्या क्या सर्विस लेते हो।

खैर हम बातें करने लगे और सोफिया नें 2 पेग पीने के बाद अपनी शर्ट का बटन खोल दिया..उसके दो शानदार घड़े साफ-साफ दिखने लगे.. मुझे उसकी शर्ट के अंदर झाँकते हुए देख कर वो मुस्कुराने लगी। मैंने सोफिया से उसकी सेक्स लाइफ के बारे में पूछा, उसने बताया कि 2-4 सेक्स पार्टनर हैं, जिनके साथ वो कभी-कभी अपनी रातें गरम कर लेती है.. मैनें इतना सुनते ही उससे सीधे पूछ लिया एक और सैक्स पार्टनर की जरूरत है.. उसने शैतानी निगाहों से मुझे देखा.. बटन बंद किया और कहा..अभी खाना खाने की जरूरत है..

फिर हम दोनों ने खाना खाया और मैं बेडरूम में उसका इंतजार करने लगा। सोफिया रूम में आई और मुझे बाहर जाने को बोली.

मैं बाहर चला गया..5 मिनट बाद जब मैं अंदर आया तो एक मिनट के लिए रूक सा गया..मेरे होश उड़ गए.. सोफिया लाल रंग की बीकनी में लेटी हुई थी.. मैं सोफिया के पास गया उसे किस करने लगा..वो भी मेरा साथ देने लगी, मेरे होंठों को काटने लगी..मैंने भी उसकी जीभ और होंठ को हल्के दांतों से काटना शुरू कर दिया..सोफिया तो एक दम माहिर खिलाड़ी जैसे किस कर रही थी..

उसने किस करते हुए मेरे लोवर में हाथ डाल कर लोड़ा पकड़ कर हिलाना शुरू कर दिया..लोड़ा एक दम गरम और लोहे की तरह सख्त हुआ पड़ा था.. मैनें भी उसकी ब्रा उतार दी.. उसकी चूचियां एकदम टाईट हुई पड़ी थी.. और निप्पल एकदम टाईट.. मैनें एक हाथ से उसका सिर पकड़ा हुआ था और दूसरे से उसकी चूचियां मसल रहा था..

करीब पंद्रह मिनट तक हमने एक दूसरे के साथ यही किया.. फिर मैंने अपना लोवर उतार कर सोफिया को लंड चूसने का इशारा किया..उसने एकदम लंड को चूसना शुरु कर दिया..कसम से बड़ा मजा आने लगा था..बीच बीच में वह मेरी दोनों गोटियो को मुंह में ले कर चूसती.. फिर उसमें मुझे पूरा लेटा दिया और मेरे पैरों को फैलाकर मेरी गांड के छेद को चाटने लगी, उस छेद में जीभ घुसाने लगी.. और पूरा गांड से लेकर गोटियां और लोड़े को चूसने लगी..पंद्रह मिनट लंड चूसने के बाद मेरा माल उसके मुंह में झड़ गया, और वो पूरा माल पी भी गई..

अब मैंने उसे किस करना शुरू किया एक चूची को मुंह में लेकर मैं चूसने लगा और दूसरी को मसलने लगा..बूब्स पीते हुए मैंने सोफिया की पैंटी खोल दी और उसकी चुत में उंगली करने लगा..सोफिया ने मुझे नीचे की तरफ़ धकेला, मेरे मुंह को अपनी चुत के पास ले जाकर उसे चाटने को कहा..मैं उसकी चूत चाटने लगा.. मैंने उसकी चूत के लिप्स को अच्छी तरह से चूसना शुरू कर दिया..फिर उसकी चूत खोली और जीभ से उसकी चूत चोदने लगा..

सोफिया को बहुत मजा आ रहा था वो मेरे मुंह को चूत में ऐसा दबा रही थी जैसे मुंह को चूत में घुसा लेगी। 10 मिनट की चुसाई में सोफिया की चूत ने बिस्तर गीला कर दिया और वो हाम्फने लगी जैसे 2 घंटे से चुद रही हो।मैंने सोफिया के बगल में लेट कर उसके चूचियों से खेलने शुरू कर दिया..वो 10 मिनट बाद उठी और मेरे मुंह पे चूत दे कर बैठ गई.. चूत को मेरे मुंह पे रगड़ने लगी जैसे आज अपनी चूत छील देगी..कभी चूत को मुंह डालती, कभी नाक में..15 मिनट तक वो ऐसे ही चूत रगड़ती रही.. फिर वो जैसे ही झड़ने वाली थी मेरे मूंह को खोला और मूंह मे सारी चूत झाड़ दी..अब सोफिया बेसुध होकर सो गई, उसका काम हो गया था..

इसके आगे की hindi sex story अगले पार्ट में बताऊंगा..

संपर्क

यदि आपको वेबसाइट की किसी सामग्री से संबंधित कोई शिकायत या सुझाव हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।

ईमेल

© 2026 All Rights Reserved

यह वेबसाइट केवल 18+ पाठकों के लिए है।

इस वेबसाइट पर उपलब्ध सभी कहानियाँ काल्पनिक हैं और केवल मनोरंजन के उद्देश्य से लिखी गई हैं।

किसी भी कहानी का उद्देश्य किसी व्यक्ति, समुदाय या समूह का अपमान करना नहीं है।

यदि किसी सामग्री से आपको आपत्ति हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें और हम आवश्यक कार्रवाई करेंगे।

Content Disclaimer: